(NCT) संगठन के बारे में

NCT (National Cooperation Trust) की स्थापना 20 मई को देश एवं प्रदेश के विभिन्न वर्गों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए की गई। संस्था का मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों के विवाह में सहयोग प्रदान करना तथा किसी सदस्य के साथ दुर्घटना या अन्य अप्रिय घटना होने पर सहायता राशि उपलब्ध कराना है। NCT सामाजिक सहयोग, पारदर्शिता और मानवीय सेवा की भावना के साथ कार्य करती है। संस्था का लक्ष्य समाज के प्रत्येक जरूरतमंद व्यक्ति तक सहायता पहुँचाना और सामाजिक सुरक्षा की भावना को मजबूत करना है। किसी भी वर्ग, जाति या समुदाय का इच्छुक व्यक्ति NCT की सदस्यता प्राप्त कर सकता है। सदस्य निर्धारित नियमों एवं शर्तों के अनुसार कन्यादान सहायता राशि तथा अप्रिय घटना होने पर आर्थिक सहायता प्राप्त करने के पात्र होंगे। NCT का विश्वास है कि सामूहिक सहयोग और जनभागीदारी के माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाया जा सकता है तथा जरूरतमंद परिवारों को सम्मानपूर्वक सहायता प्रदान की जा सकती है।
हमारा मिशन (Mission)
समाज के प्रत्येक जरूरतमंद परिवार तक पारदर्शी, विश्वसनीय और सम्मानजनक सहायता पहुँचाना। बेटियों के विवाह, दुर्घटना सहायता और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के माध्यम से लोगों के जीवन को सुरक्षित, सशक्त और आत्मनिर्भर बनाना हमारा प्रमुख मिशन है।
(NCT) के संस्थापक के बारे में
"मैं रामकुमार सिंह—NCT को शुरू करने का मेरा उद्देश्य, समाज के ऐसे व्यक्तियों जो आर्थिक रूप से इतने सक्षम नहीं हैं कि अपनी पुत्री का विवाह अच्छी जगह कर सकें, ऐसे व्यक्तियों की सहायता के लिए NCT नाम से मैंने यह संगठन शुरू किया है। जिसमें जितने भी सदस्य जुड़ेंगे, सब दान रूप में पुत्री की शादी में धनराशि देंगे। ऐसे ही सब एक-दूसरे का सहारा बनते चले जाएँगे।
यदि किसी व्यक्ति की मृत्यु किसी अप्रिय घटना से हो जाती है और बच्चों के पालन-पोषण का कोई माध्यम नहीं हो, तो समस्त समूह के सदस्य उनकी न्यूनतम धनराशि दान रूप में देकर सहायता करें। मेरा उद्देश्य समस्त वर्ग के गरीब लाचार व्यक्तियों की सहायता करके समाज को एकता के सूत्र में बाँधना है।"

श्री रामकुमार सिंह
संस्थापक एवं सामाजिक कार्यकर्ता (NCT)

पुत्री विवाह-
इस संवर्ग के अन्तर्गत किसी भी वर्ग के ऐसे व्यक्ति जो अपनी पुत्री का विवाह करने में असमर्थ है। जुड सकते है। ऐसी लड़कियाँ जो अपनी सादी के बाद ससुराल में परेशान रहती है। और उन्हें डर है कि भविष्य में उन्हें अकेले ही जीवन व्यतीत करना पड़ सकता है। वह दूसरी शादी के लिए जुड सकती है।

अप्रिय घटना (Accidantal)-
सी भी वर्ग के ऐसे व्यक्ति जो सोचते है कि उनके साथ भविष्य में कोई अप्रिय घटना न हो जाये। तो उनके परिवार का पालन पोशण कैसे होगा। NCT से जुड सकते है।
NCT को दो संवर्गों में बाँटा गया है।